कैसे निखारें चेहरे को

नमस्कार 
मेरे ब्लॉग में आप सभी का स्वागत है
आज की इस भाग दौड़ भरी ज़िंदगी में हम अपने चेहरे का ख्याल रखना भूल ही जाते है , नतीजतन हमारे चेहरे का ग्लो जाने लगता है और समय से पहले ही त्वचा अपनी उम्र खो देती है 
में आपको आज इस पोस्ट के माध्यम से बताउंगी की आप किसी भी उम्र के  हो कर अपने चेहरे का ख्याल कैसे रख सकते है और अपनी खराब हो चुकी स्किन को कैसे ठीक और हेअल्थी बना सकते ह। 


आज पुरुष हो या महिला , हर कोई अपने आपको खूबसूरत बनाना चाहता है लेकिन उसके लिए आपको कुछ म्हणत तो करनी पड़ेगी , यकीं मानिये इसके बाद आपकी सकीं आपको थैंक यू कहेगी 
इसके लिए आपको कुछ टिप्स फॉलो करने होंगे, और कुछ ही दिनों में आप फर्क देखने लगेंगे।  यहाँ आपको बता दू की हर इंसान का स्किन टाइप अलग होता है, तो जब भी अपने चेहरे के लिए कोई प्रोडक्ट ख़रीदे, अपनी स्किन टाइप का ही लें। 


स्किन ४ प्रकार  की होती है:
नार्मल
ड्राय 
ऑयली
और कॉम्बिनेशन 
इन सभी प्रकार की स्किन के लिए उत्पाद अलग ही आते  है, इसलिए  समस्या  तब  होती है जब कोई बिना  जाने अपने चेहरे पर  किसी भी टाइप का प्रोडक्ट इस्तेमाल  कर लेता  ह।  
आज की ye ब्लॉग पोस्ट आपके  लिए  एक गाइड साबित होगी और इन स्टेप्स को फॉलो करने पर आप पाएंगे एक चमकती दमकती त्वचा। 

अपनी दिनचर्या बदलें


खुद को धूप से सुरक्षित रखें: अधिकांशतः सूर्य की अल्ट्रावायलेट (UV) किरणों के कारण स्किन का रंग काला और दागयुक्त या भदरंगा होता है | अगर आप गोरी त्वचा पाने के लिए बहुत कोशिश कर रहें हैं तो घर के अंदर रहें जिससे आपकी स्किन यथासंभव हलके रंग की बनी रहेगी | अगर यह संभव न हो तो अपनी स्किन पर कम से कम 30 SPF वाले सनब्लॉक का प्रयोग करके उसे सुरक्षित रखें |

एक्सफॉलिएशन

एक्सफॉलिएशन एक ऐसी प्रकिया है, जो त्वचा को स्वस्थ और सुंदर बनती है। इस प्रक्रिया में डेड सेल्स हटाने का काम किया जाता है। यह प्रॉसेस पार्लर में मौजूद मशीनों से या घर पर भी आसानी से की जा सकती है।

ऐसे करें एक्सफॉलिएट

जो भी फेसवॉश आप यूज करती हों, उससे चेहरे को वॉश करें और गुनगुने पानी में एक फेस टॉवल को भिगोकर चेहरा साफ करें। गर्म टॉवल की भाप आपकी स्किन को सॉफ्ट बनाने का काम करेगी और ब्लड सर्कुलेशन भी बढ़ाएगी।

इसके बाद चेहरे को स्क्रब करें। अच्छे स्क्रबर की मदद से 2 से 3 मिनट तक क्लॉक वाइज हाथ घुमाते हुए चेहरे और गर्दन पर स्क्रब करने से डेड सेल्स निकालने में मदद मिलती है। इस दौरान ज्यादा दबाव नहीं डालना चाहिए।

स्क्रब के बाद चेहरा वॉश कर लें और एक आइस क्यूब लेकर उसे चेहरे और गर्दन पर कुछ देर के लिए रब करें। आइस क्यूब को किसी कॉटन के हैंकी में लपेटकर त्वचा पर मसाज करें, सीधे ना लगाएं। इसे लगाने से त्वचा के रोम छिद्र बंद हो जाएंगे। अब अपनी पंसद की क्रीम लगाएं और ताजगी को इंजॉय करें।

एक छोटी लेकिन बेहद ज़रूरी चीज़ है सी टी एम्  टेक्निक 
क्या है ये सी  टी एम् ?
सीटीएम (CTM) तीन शब्दों से मिलकर बना है। जिसमें हर अक्षर का एक मतलब है। सी का मतलब है क्लीनजिंग।

सी यानि क्लीनजिंग (Cleansing)
क्लीनजिंग का मतलब होता है चेहरे की सफाई करना। लेकिन केवल ऊपर-ऊपर से नहीं बल्कि अंदर से भी।दिनभर की भागदौड़, काम और थकान के बाद चेहरा अक्सर डल नज़र आने लगता है। और ये डलनस दूर करना बेहद जरूरी होता है। ऐसे में ज़रूरी है चेहरे की सफाई। इसे ही क्लीनजिंग कहते हैं। क्लीनजिंग करने से स्किन की गहराई से सफाई हो जाती है। लेकिन क्लीनजिंग करते समय भी कुछ बातों का खास ध्यान रखना चाहिए। नहीं तो इसके कुछ नुकसान भी उठाना पड़ सकता है। जैसे-

क्लीनज़र मिल्क से चेहरे का मसाज करने के बाद इसे कॉटन से पोछना चाहिए।
क्लीनजिंग के बाद चेहरे को पानी से नहीं धोना चाहिए।
चेहरे पर क्लीनज़र को हमेशा उंगलियो से लगाना चाहिए हथेली से नहीं।
क्लीनजिंग के बाद चेहरे को बार बार रगड़कर तौलिए से नहीं पोंछना चाहिए।

 
आप जिस क्लीनजिंग क्रीम का इस्तेमाल करते हैं हमेशा उसी का इस्तेमाल करें, हर बार अलग क्रीम का इस्तेमाल नहीं करना चाहिए।
ऑयली स्किन के लिएबेसन में शहद मिलाकर या गुलाब जल और मुलतानी मिट्टी से फेसपैक बनाकर उससे क्लीनजिंग करनी चाहिए।
टी यानि टोनिंग(Toning)

क्लीनजिंग के अलावा टोनिंग भी स्किन के लिए बेहद जरूरी है। क्योंकि टोनिंग से ही त्वचा में निखार आता है और त्वचा खूबसूरत बनती है। क्लीनजिंग के बाद अगर त्वचा में कोई भी इम्प्योरिटी बचती है तो वो टोनिंग से पूरी तरह साफ हो जाती है। और साथ ही स्किन से एक्स्ट्रा ऑयल भी निकल जाता है। टोनिंग के लिए टोनर को सीधे चेहरे पर स्प्रे किया जा सकता है या फिर अपनी हथेली पर थोड़ी मात्रा में लेकर इसे थपथपाते हुए चेहरे पर लगाकर मालिश करनी चाहिए। अगर आप प्राकृतिक चीज़ों को अप्लाई करना ज्यादा पसंद करते हैं तो आप टोनिंग के लिए नियमित रूप से ग्रीन टी या गुलाब जल का इस्तेमाल भी कर सकते हैं। इससे आपकी स्किन कोमल तो बनती ही है साथ ही आपकी स्किन में कसावट भी आती है।

एम यानि माश्चराइजिंग (Moisturising)

क्लीनजिंग व टोनिंग के बाद स्किन को माइश्चराइज़ करना बेहद ही जरूरी है। इससे स्किन रूखी होने से बचाई जा सकती है। इसके लिए किसी भी माइश्चराइज़र जो आपकी स्किन पर सूट करे उसका इस्तेमाल किया जा सकता है। इसके लिए क्रीम लगाकर हाथों से मसाज करनी चाहिए लेकिन ध्यान रखें कि अगर त्वचा रूखी है तो ऑयल बेस्ड मॉइश्चराइजर लगाएं। और ऑयली है फिर क्रीम का चुनाव स्किन को ध्यान में रखकर ही करें। अगर चेहरे पर पिंपल्स, मुंहासे या दाने हों तो उन पर स्क्रब का इस्तेमाल भूलकर भी नहीं करना चाहिए। बल्कि हाथों के चेहरे पर ज्यादा इस्तेमाल से भी बचना चाहिए।

तो सीटीएम फॉर्मूले को अपनाकर आप अपनी खूबसूरती को यकीनन बढ़ा सकती हैं।
तो अब आप समझ गए होंगे की चेहरे का ख्याल कैसे रखा जाता है ?

अगले पोस्ट में मैं आपके साथ अलग अलग स्किन टाइप के फेस वाश और क्रीम्स के ब्रांड्स के बारे में बताउंग।  उनमे से आप चुनियेगा अपने लिए एक। 
और साथ ही मैं कुछ फेस पैक्स और नाईट क्रीम्स भी शेयर करुँगी जिससे आपकी स्किन सोते हुए भी कैसे रिपेयर हो सकती है ये बताउंग।  
मिलते है अगली पोस्ट मै।  धन्यवाद
पोस्ट पसंद आयी ही तो कमैंट्स और शेयर करें  


Comments

Post a Comment